हैदराबाद। केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता बंदी संजय कुमार के बेटे भागीरथ बंदी ने POCSO एक्ट से जुड़े मामले में पुलिस के सामने सरेंडर कर दिया है। सरेंडर के बाद तेलंगाना पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इस मामले के सामने आने के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और विपक्ष ने भाजपा पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार भागीरथ बंदी के खिलाफ एक नाबालिग से जुड़े मामले में POCSO एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया था। पुलिस द्वारा लगातार कार्रवाई किए जाने और कानूनी दबाव बढ़ने के बाद उन्होंने अधिकारियों के सामने आत्मसमर्पण किया।
बताया जा रहा है कि सरेंडर के बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है और संबंधित पक्षों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी तरह कानून के दायरे में और निष्पक्ष तरीके से की जाएगी।
क्या है पूरा मामला?
सूत्रों के मुताबिक मामला एक नाबालिग से जुड़ी शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया था। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने POCSO एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया। इसके बाद मामले ने राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर काफी ध्यान खींचा।
हालांकि पुलिस की ओर से अभी तक जांच से जुड़ी सभी जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। अधिकारियों का कहना है कि मामला संवेदनशील होने के कारण कानूनी प्रक्रिया का पूरी तरह पालन किया जा रहा है।
राजनीतिक गलियारों में बढ़ी चर्चा
केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार तेलंगाना भाजपा के बड़े नेताओं में गिने जाते हैं। ऐसे में उनके बेटे का नाम इस मामले में सामने आने के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं।
विपक्षी दलों ने मामले को लेकर भाजपा पर निशाना साधा है और निष्पक्ष जांच की मांग की है। वहीं भाजपा नेताओं का कहना है कि कानून अपना काम कर रहा है और जांच पूरी होने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।
सोशल मीडिया पर भी यह मामला तेजी से चर्चा में है। लोग इस खबर पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ लोग निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं, जबकि कुछ लोग राजनीतिक बयानबाजी से बचने की अपील कर रहे हैं।
POCSO एक्ट क्या है?
POCSO यानी “प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रेन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंसेस एक्ट” बच्चों के खिलाफ यौन अपराधों से सुरक्षा देने के लिए बनाया गया कानून है। इस कानून के तहत नाबालिगों से जुड़े मामलों में सख्त कानूनी प्रावधान लागू होते हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में जांच प्रक्रिया बेहद संवेदनशील होती है और अदालत की निगरानी में आगे की कार्रवाई की जाती है।
पुलिस जांच जारी
तेलंगाना पुलिस फिलहाल पूरे मामले की जांच कर रही है। सूत्रों के अनुसार आने वाले दिनों में मामले से जुड़े अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा सकती है। पुलिस इलेक्ट्रॉनिक सबूत, कॉल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी पहलुओं की भी जांच कर रही है।
कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि मामले की अगली सुनवाई और अदालत की टिप्पणियां आगे की कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
निष्कर्ष
केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार के बेटे भागीरथ बंदी का POCSO मामले में सरेंडर और गिरफ्तारी तेलंगाना की राजनीति में बड़ा मुद्दा बन गया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी सावधानी के साथ जांच में जुटे हैं। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट और अदालत की अगली कार्यवाही पर टिकी हुई है।

