Nottingham: इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच ट्रेंट ब्रिज में खेले जा रहे तीसरे और निर्णायक टेस्ट मैच से पहले न्यूजीलैंड क्रिकेट टीम को दो बड़े झटके लगे हैं। टीम के स्टार तेज गेंदबाज Matt Henry और विस्फोटक ऑलराउंडर Glenn Phillips चोट के कारण मुकाबले से बाहर हो गए हैं। दोनों खिलाड़ियों ने दूसरे टेस्ट में न्यूजीलैंड की ऐतिहासिक जीत में अहम भूमिका निभाई थी, ऐसे में उनका बाहर होना ब्लैककैप्स के लिए बड़ी चिंता का विषय बन गया है।
तीन मैचों की टेस्ट सीरीज फिलहाल 1-1 की बराबरी पर है और ट्रेंट ब्रिज में खेला जा रहा तीसरा टेस्ट सीरीज का फैसला करेगा। ऐसे समय में टीम के दो प्रमुख खिलाड़ियों का बाहर होना न्यूजीलैंड की रणनीति और संतुलन दोनों पर असर डाल सकता है।
Matt Henry की चोट ने बढ़ाई मुश्किलें
न्यूजीलैंड क्रिकेट बोर्ड (NZC) की ओर से जारी बयान के अनुसार, तेज गेंदबाज Matt Henry को बाएं पैर की पिंडली (काफ) में चोट लगी है। यह समस्या उन्हें द ओवल टेस्ट के दौरान महसूस हुई थी। बाद में कराए गए स्कैन में लो-ग्रेड मसल स्ट्रेन की पुष्टि हुई।
डॉक्टरों की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक Henry को पूरी तरह फिट होने में लगभग 2 से 4 सप्ताह का समय लग सकता है। इसी कारण उन्हें तीसरे टेस्ट से बाहर कर दिया गया है।
Matt Henry की गैरमौजूदगी न्यूजीलैंड के लिए इसलिए भी बड़ा झटका है क्योंकि उन्होंने दूसरे टेस्ट में शानदार गेंदबाजी करते हुए कुल 11 विकेट हासिल किए थे। उनकी सटीक लाइन-लेंथ और लगातार दबाव बनाने की क्षमता ने इंग्लैंड के बल्लेबाजों को काफी परेशान किया था।
हाल ही में Henry ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की थी। वह ICC टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में नंबर-1 स्थान पर पहुंचने वाले 36 वर्षों में पहले न्यूजीलैंड गेंदबाज बने थे। ऐसे में उनका बाहर होना टीम के गेंदबाजी आक्रमण को कमजोर कर सकता है।
Glenn Phillips भी चोटिल, बल्लेबाजी विभाग को नुकसान
न्यूजीलैंड के लिए दूसरी बड़ी चिंता Glenn Phillips की चोट है। टीम प्रबंधन के अनुसार Phillips को साइड स्ट्रेन (पसलियों के आसपास की मांसपेशियों में खिंचाव) हुआ है। यह चोट भी उन्हें द ओवल टेस्ट के दौरान महसूस हुई थी।
Phillips की रिकवरी में कितना समय लगेगा, इसे लेकर अभी कोई अंतिम जानकारी नहीं दी गई है। मेडिकल टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है और आगे की जांच के बाद ही वापसी की संभावित तारीख तय की जाएगी।
दूसरे टेस्ट में Phillips ने शानदार शतक जड़कर न्यूजीलैंड की जीत की नींव रखी थी। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने इंग्लैंड के गेंदबाजों पर दबाव बनाया और टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सिर्फ बल्लेबाजी ही नहीं, Phillips अपनी उपयोगी ऑफ स्पिन और बेहतरीन फील्डिंग के लिए भी जाने जाते हैं। ऐसे में उनका बाहर होना टीम के तीनों विभागों पर प्रभाव डाल सकता है।
दूसरे टेस्ट में न्यूजीलैंड ने किया था शानदार वापसी
सीरीज के पहले टेस्ट में लॉर्ड्स पर इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड को 115 रन से हराकर दबदबा बना लिया था। उस समय लग रहा था कि ब्लैककैप्स के लिए सीरीज में वापसी करना मुश्किल होगा, खासकर तब जब टीम के दिग्गज बल्लेबाज Kane Williamson पहले टेस्ट के बाद संन्यास ले चुके थे।
लेकिन दूसरे टेस्ट में न्यूजीलैंड ने शानदार प्रदर्शन किया। Henry Nicholls ने नंबर-3 पर बल्लेबाजी करते हुए शतक लगाया, जबकि Rachin Ravindra, Daryl Mitchell और Glenn Phillips ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। गेंदबाजी में Matt Henry ने कमाल दिखाया और न्यूजीलैंड ने 253 रन की बड़ी जीत दर्ज कर सीरीज बराबर कर दी।
इस जीत ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ाया और अब उसके पास इंग्लैंड में दुर्लभ टेस्ट सीरीज जीतने का मौका है।
इंग्लैंड को मिली राहत
जहां न्यूजीलैंड को चोटों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं इंग्लैंड के लिए अच्छी खबर है। कप्तान Ben Stokes और तेज गेंदबाज Gus Atkinson तीसरे टेस्ट के लिए टीम में लौट आए हैं। दोनों खिलाड़ी दूसरे टेस्ट में टीम से बाहर थे, जिसके कारण इंग्लैंड को संतुलन बनाने में कठिनाई हुई थी।
Stokes की वापसी से इंग्लैंड की बल्लेबाजी और नेतृत्व दोनों मजबूत होंगे। वहीं Atkinson के आने से तेज गेंदबाजी आक्रमण को अतिरिक्त धार मिलेगी।
ट्रेंट ब्रिज की परिस्थितियां आमतौर पर बल्लेबाजों और तेज गेंदबाजों दोनों के लिए मददगार मानी जाती हैं। ऐसे में दोनों टीमों के बीच रोमांचक मुकाबले की उम्मीद की जा रही है।
तीसरे टेस्ट पर सभी की नजरें
सीरीज 1-1 से बराबरी पर होने के कारण ट्रेंट ब्रिज टेस्ट बेहद महत्वपूर्ण बन गया है। न्यूजीलैंड को अपने दो मैच विनर खिलाड़ियों के बिना मैदान में उतरना होगा, जबकि इंग्लैंड अपनी मजबूत टीम के साथ वापसी करने को तैयार है।
Matt Henry और Glenn Phillips की अनुपस्थिति निश्चित रूप से न्यूजीलैंड की योजनाओं को प्रभावित करेगी, लेकिन टीम के पास अब भी कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी मौजूद हैं जो जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। दूसरी ओर इंग्लैंड घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर सीरीज अपने नाम करना चाहेगा।
क्रिकेट प्रशंसकों को उम्मीद है कि दोनों टीमों के बीच यह निर्णायक मुकाबला रोमांच, संघर्ष और उच्च स्तरीय क्रिकेट से भरपूर होगा। अब देखना दिलचस्प होगा कि चोटों से कमजोर हुई न्यूजीलैंड की टीम इंग्लैंड को चुनौती दे पाती है या नहीं।

