नई दिल्ली। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के करोड़ों सदस्य अपने पीएफ खाते में ब्याज की राशि जमा होने का इंतजार कर रहे हैं। वित्त वर्ष 2025-26 के लिए EPFO ने कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) जमा पर 8.25 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर को बरकरार रखा है। हालांकि इस फैसले को हुए कई सप्ताह बीत चुके हैं, लेकिन अभी तक अधिकांश खातों में ब्याज की राशि दिखाई नहीं दी है। ऐसे में नौकरीपेशा लोगों के बीच यह सवाल लगातार बना हुआ है कि आखिर उनके खाते में ब्याज कब तक आएगा।
मार्च 2026 में EPFO के केंद्रीय न्यासी बोर्ड (CBT) की बैठक में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 8.25 प्रतिशत ब्याज दर की सिफारिश की गई थी। श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने भी इसकी जानकारी जारी की थी। इसके बाद यह उम्मीद की जा रही थी कि जल्द ही करोड़ों कर्मचारियों के खातों में ब्याज की राशि जमा हो जाएगी। लेकिन अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है।
विशेषज्ञों के अनुसार, पीएफ खाते में ब्याज की राशि तभी जमा की जाती है जब केंद्र सरकार EPFO की सिफारिश को अंतिम मंजूरी देकर अधिसूचित कर देती है। इसके बाद ब्याज की गणना कर उसे खातों में ट्रांसफर किया जाता है। यही कारण है कि इस प्रक्रिया में कुछ समय लग जाता है।
यदि पिछले वर्षों के रिकॉर्ड पर नजर डालें तो ज्यादातर मामलों में जून से सितंबर के बीच ब्याज की राशि खातों में जमा की जाती रही है। पिछले वर्ष भी कई खाताधारकों को जून और जुलाई के दौरान ब्याज की रकम दिखाई देने लगी थी। हालांकि सभी खातों में यह अपडेट एक साथ नहीं आता। कुछ सदस्यों की पासबुक में ब्याज पहले दिखाई देता है, जबकि कुछ को कुछ दिनों या हफ्तों का अतिरिक्त इंतजार करना पड़ सकता है।
कई लोगों के मन में यह भी सवाल रहता है कि यदि ब्याज खाते में आने या पासबुक में दिखने में देरी होती है तो क्या उनका नुकसान होगा। EPFO के नियमों के अनुसार ऐसा नहीं है। कर्मचारी भविष्य निधि योजना 1952 के तहत ब्याज की गणना खाते में मौजूद मासिक शेष राशि के आधार पर की जाती है। इसके बाद वार्षिक चक्रवृद्धि ब्याज जोड़ा जाता है। इसलिए प्रशासनिक देरी का कर्मचारियों को मिलने वाली कुल ब्याज राशि पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता।
EPFO सदस्यों के लिए अच्छी बात यह है कि वे घर बैठे अपने खाते का स्टेटस आसानी से जांच सकते हैं। इसके लिए UMANG ऐप, EPFO सदस्य ई-सेवा पोर्टल, मिस्ड कॉल सेवा और SMS सेवा जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इन माध्यमों से सदस्य अपने पीएफ बैलेंस और ब्याज की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
UMANG ऐप पर लॉगिन कर सदस्य पासबुक देख सकते हैं। वहीं EPFO पोर्टल पर UAN और पासवर्ड की मदद से खाते की पूरी जानकारी प्राप्त की जा सकती है। इसके अलावा रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से मिस्ड कॉल या SMS भेजकर भी बैलेंस और अन्य जानकारी हासिल की जा सकती है।
फिलहाल EPFO की ओर से ब्याज जमा करने की कोई निश्चित तारीख नहीं बताई गई है, लेकिन पिछले वर्षों के अनुभव को देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि आने वाले कुछ हफ्तों में करोड़ों कर्मचारियों के खातों में 8.25 प्रतिशत ब्याज की राशि जमा हो सकती है। ऐसे में सदस्यों को सलाह दी जाती है कि वे समय-समय पर अपनी पासबुक और EPFO पोर्टल पर अपडेट चेक करते रहें।
देश के करोड़ों नौकरीपेशा लोगों के लिए पीएफ एक महत्वपूर्ण बचत योजना है। ऐसे में ब्याज की राशि जमा होने का इंतजार स्वाभाविक है। अब सभी की नजर EPFO और केंद्र सरकार की अगली घोषणा पर टिकी हुई है, जिसके बाद ब्याज ट्रांसफर की प्रक्रिया तेज हो सकती है।

