FIFA World Cup 2026 में तुर्किये (Türkiye) का अभियान बेहद निराशाजनक और दिल तोड़ने वाला साबित हुआ। ग्रुप डी के मुकाबले में पैराग्वे ने मटियास गालार्जा (Matias Galarza) के शुरुआती गोल की बदौलत तुर्किये को 1-0 से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। इस हार के साथ ही तुर्किये की राउंड ऑफ 32 में पहुंचने की उम्मीदें समाप्त हो गईं।
सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि तुर्किये ने टूर्नामेंट में अब तक कुल 62 शॉट लगाए, लेकिन एक भी गोल नहीं कर सका। दूसरी ओर उसके विरोधियों ने सिर्फ 16 शॉट में 3 गोल दाग दिए। यह आंकड़ा फुटबॉल के उस क्रूर सच को दर्शाता है, जहां मौके बनाने के बावजूद सफलता की कोई गारंटी नहीं होती।
65 सेकंड में लगा झटका
सैन फ्रांसिस्को बे एरिया में खेले गए मुकाबले में पैराग्वे ने मैच शुरू होने के सिर्फ 65 सेकंड बाद ही बढ़त हासिल कर ली। तुर्किये की एक गलत पासिंग का फायदा उठाते हुए मिडफील्डर मटियास गालार्जा ने दूर से शानदार शॉट लगाया, जिसे गोलकीपर उगुरकान चाकिर भी नहीं रोक सके।
इस गोल ने पैराग्वे को शुरुआती बढ़त दिलाई और तुर्किये दबाव में आ गया।
तुर्किये ने बनाए मौके, लेकिन नहीं मिला गोल
शुरुआती झटके के बाद तुर्किये ने वापसी की कोशिश की। स्टार खिलाड़ी आर्दा गुलर ने 14वें मिनट में गोल का प्रयास किया लेकिन गेंद बार के ऊपर निकल गई।
इसके बाद केनान यिलदिज़ ने शानदार बाइसिकल किक लगाई, जिसे पैराग्वे के गोलकीपर ऑरलैंडो गिल ने रोक लिया।
31वें मिनट में तुर्किये बराबरी के बेहद करीब पहुंच गया था। एक फ्री-किक पर मेर्ट मुल्दुर का हेडर पहले क्रॉसबार और फिर पोस्ट से टकराया, लेकिन गोल लाइन पार नहीं कर सका।
रेड कार्ड ने बदला मैच का समीकरण
पैराग्वे ने भी जवाबी हमले जारी रखे और जुआन जोस कासेरेस ने चाकिर को शानदार बचाव करने पर मजबूर किया।
हालांकि पहले हाफ के अंत से ठीक पहले मैच में बड़ा मोड़ आया जब पैराग्वे के स्टार खिलाड़ी मिगुएल अल्मिरोन को विरोधी खिलाड़ी से विवाद के बाद रेड कार्ड दिखा दिया गया। इसके बाद पैराग्वे को पूरा दूसरा हाफ 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा।
10 खिलाड़ियों के खिलाफ भी गोल नहीं कर पाया तुर्किये
संख्यात्मक बढ़त मिलने के बावजूद तुर्किये इसका फायदा नहीं उठा सका। दूसरे हाफ में पैराग्वे के जूलियो एन्सिसो ने लगभग दूसरा गोल कर दिया था, लेकिन उनका शॉट थोड़ा बाहर निकल गया।
दूसरी ओर तुर्किये के सब्स्टीट्यूट डेनिज गुल ने एक आसान हेडर सीधे गोलकीपर के हाथों में मार दिया।
मैच के अंतिम मिनटों में तुर्किये ने लगातार दबाव बनाया। कान उजुन का शॉट थोड़ा बाहर गया, जबकि मैच के सबसे बड़े मौके पर उन्होंने गेंद सीधे गोलकीपर ऑरलैंडो गिल के हाथों में मार दी।
इंजरी टाइम में डिफेंडर मेरिह डेमिराल को भी हेडर से गोल करने का मौका मिला, लेकिन उनका प्रयास लक्ष्य से बाहर चला गया।
पैराग्वे की उम्मीदें मजबूत, तुर्किये का सपना खत्म
अंतिम सीटी बजते ही पैराग्वे ने टूर्नामेंट में अपनी पहली जीत दर्ज की और नॉकआउट चरण में पहुंचने की उम्मीदों को मजबूत कर लिया।
वहीं तुर्किये को लगातार दूसरी हार का सामना करना पड़ा और उसका विश्व कप अभियान लगभग समाप्त हो गया। अब टीम का अंतिम ग्रुप मैच अमेरिका के खिलाफ 26 जून को खेला जाएगा, लेकिन वह मुकाबला सिर्फ सम्मान बचाने के लिए होगा।
आंकड़ों में तुर्किये की बदकिस्मती
- कुल शॉट: 62
- गोल: 0
- विरोधियों के कुल शॉट: 16
- विरोधियों के गोल: 3
- ग्रुप डी में लगातार दूसरी हार
- राउंड ऑफ 32 की दौड़ से बाहर
फीफा विश्व कप 2026 में तुर्किये का यह अभियान लंबे समय तक याद रखा जाएगा, क्योंकि टीम ने मौके तो खूब बनाए लेकिन गोल करने में पूरी तरह नाकाम रही।

