बजट की सबसे चर्चित घोषणा राज्य कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (DA) में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी रही। सरकार ने घोषणा की कि 1 अक्टूबर 2026 से कर्मचारियों का कुल DA बढ़कर 38 प्रतिशत हो जाएगा। इसके साथ ही पेंशनभोगियों को भी समान अनुपात में महंगाई राहत का लाभ मिलेगा।
सरकार ने रोजगार के मोर्चे पर भी बड़ा दांव खेलते हुए 1 लाख सरकारी नौकरियों के सृजन का ऐलान किया है। इनमें 20,000 पुलिस पद और 1,000 पद ईस्टर्न फ्रंटियर राइफल्स में शामिल हैं। सरकार का दावा है कि इससे राज्य के युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
बजट में कल्याणी के निकट एक नए ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के निर्माण की घोषणा भी की गई है। सरकार के अनुसार कोलकाता एयरपोर्ट पर लगातार बढ़ रहे यात्री दबाव को देखते हुए दूसरे एयरपोर्ट की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। प्रस्तावित परियोजना के लिए 1,000 से 1,500 एकड़ भूमि अधिग्रहित की जाएगी।
महिलाओं के लिए शुरू की गई अन्नपूर्णा योजना भी बजट की प्रमुख घोषणाओं में शामिल है। इस योजना के तहत 25 से 60 वर्ष आयु वर्ग की पात्र महिलाओं को हर महीने ₹3,000 की वित्तीय सहायता दी जाएगी। वहीं उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही अविवाहित छात्राओं को ₹50,000 की एकमुश्त सहायता प्रदान की जाएगी।
बेरोजगार युवाओं के लिए भी सरकार ने विशेष सहायता पैकेज की घोषणा की है। स्नातक बेरोजगार युवाओं को ₹3,000 प्रति माह और अन्य पात्र बेरोजगार युवाओं को ₹2,000 मासिक भत्ता दिया जाएगा।
कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए सरकार ने पीएम-किसान योजना के अतिरिक्त किसानों को ₹3,000 वार्षिक सहायता देने का फैसला किया है। साथ ही सिंचाई पंपों के लिए ₹2 प्रति यूनिट बिजली सब्सिडी देने की घोषणा की गई है। राज्य में खरीफ 2026 से पीएम फसल बीमा योजना भी लागू की जाएगी।
बजट में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग को सबसे अधिक ₹51,836.55 करोड़ का आवंटन दिया गया है। इसके बाद स्कूल शिक्षा विभाग को ₹44,948.21 करोड़, कृषि विभाग को ₹8,565.84 करोड़ तथा उद्योग विभाग को ₹3,266.59 करोड़ आवंटित किए गए हैं।
सरकार ने ऊर्जा क्षेत्र में भी बड़ा कदम उठाते हुए पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना लागू करने की घोषणा की है। इसके तहत राज्य में 2 लाख रूफटॉप सोलर यूनिट लगाने का लक्ष्य रखा गया है। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति परिवारों को अतिरिक्त ₹5,000 सब्सिडी भी प्रदान की जाएगी।
उत्तर बंगाल के विकास को गति देने के लिए IIT और IIM स्थापित करने की योजना का भी ऐलान किया गया है। साथ ही दुर्गापुर, आसनसोल, सिलीगुड़ी और जलपाईगुड़ी में मेट्रो कनेक्टिविटी के लिए तकनीकी और आर्थिक सर्वेक्षण कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बजट को राज्य की खोई हुई पहचान और गौरव को वापस लाने वाला दस्तावेज बताया। वहीं भाजपा नेताओं ने इसे विकसित बंगाल की दिशा में ऐतिहासिक कदम करार दिया।
हालांकि विपक्ष ने बजट की कुछ घोषणाओं पर सवाल भी उठाए हैं। तृणमूल कांग्रेस नेताओं ने कहा कि DA बढ़ोतरी के बावजूद अभी भी केंद्रीय कर्मचारियों के बराबर महंगाई भत्ता नहीं दिया गया है। विपक्ष ने कुछ परियोजनाओं के लिए निवेश संबंधी स्पष्टता की मांग भी की है।
फिलहाल भाजपा सरकार का दावा है कि यह बजट रोजगार, निवेश, बुनियादी ढांचे और सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में पश्चिम बंगाल को नई दिशा देगा। आने वाले महीनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि बजट में की गई घोषणाएं जमीन पर किस हद तक उतर पाती हैं।

